नंदा-गौरा योजना के लिए अनुपूरक बजट में रखा जाएगा प्रावधान, विधायक मनोज रावत ने बताया लोकतंत्र की एक और जीत


अब नंदा-गौरा योजना के लाभ पाने से वंचित रह गयी बच्चियों और उनके परिजनों को योजना का पूरा लाभ मिल सकेगा। विधानसभा सत्र के दूसरे दिन सदन में पेश किए गए द्वितीय अनुपूरक बजट में इसके लिए बजट की व्यवस्था की जाएगी। जिस पर केदारनाथ विधायक मनोज रावत ने विधानसभा में लोकतंत्र की एक और जीत बताया है।
केदारनाथ विधायक मनोज रावत ने कहा कि कई दिनों से नंदा.गौरा योजना के लाभ पाने से वंचित रह गयी बच्चियों और उनके परिजनों के फ़ोन आ रहे थे। यह प्रश्न 6 बार बिभिन्न नियमों के तहत विधानसभा में उठा।
विधायक मनोज रावत ने बताया मैने स्वयं अन्य तरीकों के अलावा 2 बार नियम 58 में कार्यस्थगन प्रस्ताव के द्वारा नंदा.गौरा योजना के लाभ से बंचित रह गयी बच्चियों के दर्द और वेदना को विधानसभा में उठाया था। 24अगस्त 2021 को अंतिम बार मेरे द्वारा नियम 58 में उठाये गए प्रश्न पर माननीय मुख्यमंत्री जी ने आश्वासन दिया कि योजना के लाभ से वंचित हर बच्ची को लाभ मिलेगा। लेकिन 3 महीने बीत जाने के बाद भी सरकार जिन 33 हजार बच्चियों के आवेदन जमा थे उनके लिए 50 करोड़ का इंतजाम नहीं कर पाई ।
साथ ही जो बच्चियां टैब आवेदन करने से छूट गयी थी वे भी नए आवेदन के साथ पैन कार्ड और उनके आय प्रमाण पत्र की कठिन और अव्यवहारिक शर्तों के कारण आवेदन नही कर पा रही थी। इसलिए अन्य सारे महत्वपूर्ण मामलों को छोड़ते हुए मैंने नियम 58 में माननीय विधायक आदेश सिंह चौहान जी के साथ इन सभी विषयों को उठाया। जिस पर फिर विधानसभा में इस मुद्दे पर हमारी जीत हुई ।
विधायक मनोज रावत ने बधाई देते हुए कहा कि इस तरह आज फिर लगभग 38 हजार गरीब बच्चियों की जीत हुई है जिन्हें इस लाभ से वंचित रखा जा रहा था।
इन मुद्दों पर मिला आश्वासन
1- धन की व्यवस्था आज पेश किए गए द्वितीय अनुपूरक बजट से की जाएगी।
2- अब आय प्रमाण पत्र भी बर्तमान में 6000 रुपये की मानी जायेगी। और बर्तमान के आय प्रमाण पत्र भी माने जाएंगे।
3- पैन कार्ड की बाध्यता का भी परीक्षण किया जाएगा और इसे समाप्त किया जाएगा।
