January 26, 2026

श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल में स्तन कैंसर पीड़ित महिला का पूरा स्तन हटाकर नया स्तन बनाया।

 

पाँच घंटे चली जटिल सर्जरी में हुआ टोटल मैस्टेक्टमी विद ऑटोलॉगस होल ब्रेस्ट रिकंस्ट्रक्शन।

देहरादून। श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल ने स्तन कैंसर उपचार के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक उपलब्धि दर्ज की है। उत्तराखंड में पहली बार मल्टी-सेंट्रिक्स ब्रेस्ट कैंसर से पीड़ित महिला का पूरा स्तन हटाने के बाद उसी के शरीर की मांसपेशियों और त्वचा से नया स्तन बनाकर सफल पुनर्निर्माण किया गया। यह जटिल सर्जरी अस्पताल के वरिष्ठ कैंसर सर्जन डॉ. अजीत तिवारी के नेतृत्व में की गई।

औङ
मेडिकल साइंस में इस बीमारी को मल्टी-सेंट्रिक्स ब्रेस्ट कैंसर कहा जाता है, जिसमें स्तन के अलग-अलग हिस्सों में एक से अधिक कैंसर ग्रंथियां विकसित हो जाती हैं। ऐसे मामलों में आंशिक सर्जरी संभव नहीं होती और टोटल मैस्टेक्टमी (पूरा स्तन हटाना) आवश्यक होती है। इस केस में टोटल मैस्टेक्टमी के साथ ऑटोलॉगस होल ब्रेस्ट रिकंस्ट्रक्शन किया गया, जिसमें मरीज के अपने शरीर के ऊतकों (टिश्यू) का उपयोग कर नया स्तन बनाया गया।
लगभग पाँच घंटे तक चली इस अत्यंत जटिल सर्जरी में स्तन के आकार, संतुलन और प्राकृतिक बनावट को विशेष ध्यान में रखते हुए पुनर्निर्माण किया गया। उल्लेखनीय है कि अब तक इस प्रकार की सर्जरी में प्रायः सिलिकॉन ब्रेस्ट इम्प्लांट का उपयोग किया जाता रहा है, जिनसे संक्रमण, इम्प्लांट फेलियर, स्तन का सख्त हो जाना, दर्द और भविष्य में दोबारा सर्जरी की आवश्यकता जैसी जटिलताएँ सामने आती थीं।
डॉ. अजीत तिवारी के अनुसार, “मरीज के अपने शरीर से किए गए स्तन पुनर्निर्माण में इम्प्लांट से जुड़ी जटिलताओं की आशंका काफी कम हो जाती है। इससे स्तन अधिक प्राकृतिक दिखाई देता है, संवेदनशीलता बेहतर रहती है और लंबे समय तक सुरक्षित परिणाम मिलते हैं।” यह सर्जरी अत्यंत उच्च स्तर की विशेषज्ञता की मांग करती है, जिसमें गहन एनाटॉमी ज्ञान, माइक्रो-सर्जिकल स्किल्स और अत्यधिक सटीकता आवश्यक होती है। देश के गिने-चुने चिकित्सा केंद्रों में ही इस स्तर की उन्नत ब्रेस्ट कैंसर रिकंस्ट्रक्टिव सर्जरी उपलब्ध है।
यह तकनीक विशेष रूप से युवा महिला रोगियों के लिए आशा की नई किरण है, जो कैंसर से मुक्ति के बाद भी सामान्य और आत्मविश्वासपूर्ण जीवन जीना चाहती हैं।
डाॅ अजीत तिवारी का मानना है कि रिकंस्ट्रक्टिव ब्रेस्ट सर्जरी केवल शारीरिक उपचार नहीं, बल्कि महिला के मानसिक स्वास्थ्य, आत्मसम्मान और सामाजिक आत्मविश्वास से भी सीधे जुड़ी होती है। आधुनिक स्तन कैंसर उपचार अब जीवन रक्षा के साथ-साथ महिला की जीवन गुणवत्ता (Quality Of Life) को भी प्राथमिकता देता है।
श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल की यह उपलब्धि रोगी-केंद्रित, आधुनिक और मानवीय कैंसर उपचार की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है, जो आने वाले समय में उत्तराखंड की अनेक महिलाओं के लिए प्रेरणा और विश्वास का स्रोत बनेगी।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

सोशल मीडिया वायरल

error: Content is protected !!