राजकीय इंटर कॉलेज उडामाडा में वन विभाग के तत्वावधान में भाषण प्रतियोगिता आयोजित
वन सुरक्षा सप्ताह:
चमोली जनपद के राजकीय इंटर कॉलेज उडामाडा में वन सुरक्षा सप्ताह के अवसर पर वन विभाग के तत्वावधान में भाषण प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों व स्थानीय समुदाय को वनाग्नि के दुष्प्रभावों तथा वन संरक्षण के प्रति जागरूक करना रहा।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानाचार्य ब्रह्मानंद किमोठी ने कहा कि वनाग्नि से प्रतिवर्ष भारी पर्यावरणीय और आर्थिक नुकसान होता है। भारत में इससे सालाना लगभग 1.74 लाख करोड़ रुपये का नुकसान होता है, जबकि वैश्विक स्तर पर यह करोड़ों डॉलर की क्षति का कारण बनती है। वनाग्नि से बड़े पैमाने पर वन क्षेत्र नष्ट होते हैं, जैव विविधता और वन्यजीवों को गंभीर क्षति पहुंचती है तथा पर्यावरणीय गुणवत्ता प्रभावित होती है।
उन्होंने कहा कि वन सुरक्षा के लिए सतर्कता, सामुदायिक सहभागिता और आग की सूचना मिलते ही तुरंत वन विभाग को सूचित करना आवश्यक है।

वन दरोगा आनंद सिंह रावत ने वनाग्नि के कारणों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि मानवीय लापरवाही—जैसे जलती माचिस या बीड़ी-सिगरेट फेंकना, जानबूझकर आग लगाना, तेज हवा और सूखी वनस्पति—वनाग्नि के प्रमुख कारण हैं। उन्होंने कहा कि वन संरक्षण के लिए जन-जागरूकता और सामूहिक रोकथाम बेहद जरूरी है, क्योंकि वनाग्नि से पारिस्थितिक तंत्र, वन्यजीवों और उनके प्रजनन पर गंभीर प्रभाव पड़ता है।

पूर्व प्रधानाचार्य के.एल. टम्टा ने कहा कि जंगल न केवल वन्यजीवों का घर हैं, बल्कि पर्यावरण संतुलन, वर्षा और स्वच्छ हवा के लिए भी अत्यंत आवश्यक हैं। हर वर्ष गर्मियों में वनाग्नि हमारे इन हरे-भरे फेफड़ों को राख में बदल देती है। वहीं अध्यापिका रजनी नेगी ने कहा कि वनाग्नि के लिए प्राकृतिक कारणों से अधिक मानवीय लापरवाही जिम्मेदार है—घास काटने के लिए आग लगाना, बीड़ी-सिगरेट फेंकना या शिविरों की आग को खुला छोड़ देना। इसके दुष्परिणाम केवल पेड़ों तक सीमित नहीं रहते, बल्कि मृदा की उर्वरता घटती है और वन्यजीवों के आवास नष्ट होते हैं।
भाषण प्रतियोगिता के परिणाम
सीनियर वर्ग:
प्रथम: कुमारी प्रिया
द्वितीय: कुमारी अवंतिका (कक्षा 11)
तृतीय: आदित्य
जूनियर वर्ग:
प्रथम: कुमारी दिव्यांशी
द्वितीय: कुमारी कोमल
तृतीय: छात्र आदर्श
इस अवसर पर छात्र अरमान ने वन संरक्षण पर अपनी स्वरचित कविता का भावपूर्ण पाठ किया।

कार्यक्रम में वन दरोगा आनंद सिंह रावत, वन आरक्षी अमित मैठानी, दिनेश राणा, हरीश चौहान, विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाएं ज्योति पंत, रजनी नेगी, प्रियंका रावत, मीरा रावत, तथा राज किशोर सैनी, अनिल कुमार, दिनेश जग्गी, सतीश कुमार, नंदन सिंह पवार, राजपाल रडवाल सहित अन्य उपस्थित रहे और सभी ने वन संरक्षण का संकल्प लिया।
वन सुरक्षित रहेंगे, तभी जन सुरक्षित रहेंगे।
