काशीपुर नगर निगम ने तहबाजारी का ठेका किया निरस्त, अब कर्मचारी करेंगे शुल्क वसूली
लोकेशन: काशीपुर
काशीपुर। तहबाजारी शुल्क की वसूली को लेकर मिल रही शिकायतों के बाद नगर निगम काशीपुर ने बड़ा फैसला लिया है। महापौर दीपक बाली और नगर आयुक्त रविंद्र सिंह बिष्ट ने संयुक्त प्रेस वार्ता कर तहबाजारी का ठेका निरस्त करने और अब नगर निगम के कर्मचारियों के माध्यम से ही शुल्क वसूली कराने की घोषणा की। महापौर ने स्पष्ट किया कि तहबाजारी शुल्क में कोई नई बढ़ोतरी नहीं की गई है। पूर्व से निर्धारित दरों के अनुसार ही शुल्क लिया जाएगा।
नगर निगम कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान महापौर दीपक बाली ने बताया कि तहबाजारी शुल्क की वसूली को लेकर लगातार शिकायतें मिल रही थीं। पार्षदों, अधिकारियों और स्वयं उनके समक्ष भी इस संबंध में शिकायतें पहुंच रही थीं। इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए नगर निगम ने ठेके के माध्यम से होने वाली वसूली की व्यवस्था समाप्त कर स्वयं शुल्क वसूलने का निर्णय लिया है।
महापौर ने कहा कि अब तहबाजारी शुल्क की वसूली के लिए नए सिरे से निविदा जारी नहीं की जाएगी। नगर निगम के कर्मचारी ही निर्धारित दरों के अनुसार शुल्क वसूलेंगे। उन्होंने बताया कि शुल्क की दरों और निर्धारित स्लैब को लेकर मिल रही शिकायतों के मद्देनजर अधिकारियों और पार्षदों के साथ विचार-विमर्श कर व्यवस्था को अधिक पारदर्शी बनाया जाएगा। शुल्क की दरें और स्लैब सार्वजनिक किए जाएंगे, जिससे व्यापारियों और आम लोगों को स्पष्ट जानकारी मिल सके कि उनसे कितना शुल्क लिया जाना है।
कर्मचारियों के दुर्व्यवहार पर होगी कार्रवाई
महापौर दीपक बाली ने कहा कि नगर निगम के किसी भी कर्मचारी के दुर्व्यवहार की शिकायत मिलने पर संबंधित कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि जनता के साथ अच्छा व्यवहार करना सरकारी कर्मचारियों की जिम्मेदारी है और इस मामले में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने स्पष्ट किया कि नगर निगम के अन्य ठेकों अथवा निर्माण कार्यों में भी यदि अनियमितता की शिकायत मिलती है, तो उसकी जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन ठेके की शर्तों के उल्लंघन पर भी होगी कार्रवाई
प्रेस वार्ता के दौरान विज्ञापन ठेके से संबंधित सवाल पर महापौर ने कहा कि यदि ठेके की शर्तों का उल्लंघन पाया जाता है, तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल उनके संज्ञान में ऐसा कोई मामला नहीं आया है। हालांकि, शिकायत मिलने पर मामले की जांच की जाएगी।
